Vande Bharat vs Bullet Train: रफ्तार का असली किंग कौन? जानें तकनीक, किराया और सुविधाओं में क्या है बड़ा अंतर
Vande Bharat vs Bullet Train भारतीय रेलवे के आधुनिकीकरण में दो नाम सबसे प्रमुखता से उभरे हैं— वंदे भारत एक्सप्रेस (Vande Bharat) और बुलेट ट्रेन (Bullet Train)। जहां वंदे भारत देश के पटरियों पर दौड़ रही है, वहीं बुलेट ट्रेन का काम युद्ध स्तर पर जारी है। लेकिन अक्सर लोगों के मन में यह सवाल आता है कि इन दोनों में बेहतर कौन है? क्या वंदे भारत ही भारत की बुलेट ट्रेन है? आइए, विस्तार से समझते हैं।
1. रफ्तार का मुकाबला: सेमी-हाई स्पीड बनाम हाई स्पीड
- वंदे भारत: यह एक सेमी-हाई स्पीड ट्रेन है। इसकी अधिकतम क्षमता 180 किमी/घंटा है, लेकिन वर्तमान में ट्रैक की सीमाओं के कारण इसे 130 से 160 किमी/घंटा की रफ्तार पर चलाया जाता है।
- बुलेट ट्रेन: यह हाई स्पीड रेल की श्रेणी में आती है। इसकी परिचालन गति 320 किमी/घंटा होगी। यानी यह वंदे भारत से दोगुनी रफ्तार से सफर तय करेगी।
2. तकनीक: स्वदेशी बनाम जापानी
- वंदे भारत: यह पूरी तरह से ‘मेक इन इंडिया’ प्रोजेक्ट है। इसे चेन्नई की इंटीग्रल कोच फैक्ट्री (ICF) में डिजाइन किया गया है। यह एक ‘सेल्फ-प्रोपेल्ड’ ट्रेन है, यानी इसमें अलग से इंजन नहीं होता, बल्कि हर दूसरे या चौथे कोच में मोटर लगी होती है, जिससे यह बहुत जल्दी रफ्तार पकड़ती है।
- बुलेट ट्रेन: भारत की पहली बुलेट ट्रेन जापानी ‘शिंकानसेन’ (Shinkansen) तकनीक पर आधारित है। इसके लिए पूरी तरह से अलग ट्रैक (एलिवेटेड कॉरिडोर) बनाया जा रहा है, क्योंकि सामान्य पटरियां 300+ की रफ्तार सहन नहीं कर सकतीं।
3. एक्सेलरेशन (रफ्तार पकड़ने की क्षमता)
हैरानी की बात यह है कि एक्सेलरेशन के मामले में वंदे भारत ने बुलेट ट्रेन को भी पीछे छोड़ दिया है।
- वंदे भारत मात्र 52 सेकंड में 0 से 100 किमी/घंटा की रफ्तार पकड़ लेती है।
- वहीं, दुनिया की आधुनिक बुलेट ट्रेनों को यही रफ्तार पाने में लगभग 54.6 सेकंड का समय लगता है।


4. किराया और रूट
- वंदे भारत: इसका किराया मध्यम वर्ग को ध्यान में रखकर तय किया गया है। यह वर्तमान में दिल्ली-वाराणसी, मुंबई-गांधीनगर जैसे दर्जनों इंटर-सिटी रूटों पर चल रही है।
- बुलेट ट्रेन: इसका किराया फ्लाइट के इकोनॉमी क्लास के आसपास होने की संभावना है। पहला रूट मुंबई से अहमदाबाद के बीच होगा, जिसे मात्र 2 घंटे में पूरा किया जा सकेगा।
5. सुरक्षा और सुविधाएं
दोनों ही ट्रेनें सुरक्षा के मामले में विश्वस्तरीय हैं। दोनों में ऑटोमैटिक दरवाजे, जीपीएस आधारित सूचना प्रणाली और बायो-वैक्यूम टॉयलेट हैं। हालांकि, बुलेट ट्रेन में अर्ली वार्निंग सिस्मिक सेंसर (भूकंप डिटेक्शन) जैसी अतिरिक्त सुरक्षा होगी, जो जापानी तकनीक की विशेषता है।
Vande Bharat vs Bullet Train कौन है बेहतर?
दोनों ट्रेनों का उद्देश्य अलग है। वंदे भारत मौजूदा रेलवे नेटवर्क का अपग्रेड है जो आम आदमी के लिए प्रीमियम सफर संभव बना रही है। वहीं, बुलेट ट्रेन भारत को उन चुनिंदा देशों की कतार में खड़ा करेगी जिनके पास सुपरफास्ट परिवहन तकनीक है। अगर दूरी कम है और बजट मध्यम है, तो वंदे भारत बेस्ट है, लेकिन अगर आपको समय बचाना है और भविष्य की सवारी का अनुभव चाहिए, तो बुलेट ट्रेन का कोई मुकाबला नहीं।
Table of Contents
शोर्ट वीडियोज देखने के लिए VR लाइव से जुड़िये
हमारे फेसबुक पेज से जुड़ने के लिए इस लींक पर क्लीक कीजिए VR LIVE

